बालोद जिले के नगर पंचायत चिखलाकसा में एक दर्दनाक हादसे ने निर्माण कार्यों में सुरक्षा व्यवस्था की पोल खोल दी है। यहां काम के दौरान एक मिस्त्री की मौत हो गई, जिससे पूरे इलाके में सनसनी फैल गई।
मिली जानकारी के अनुसार, मृतक का नाम विनोद कुंजाम है, जो निर्माण स्थल पर दूसरी मंजिल में काम कर रहा था। इसी दौरान अचानक उसका संतुलन बिगड़ गया और वह नीचे गिर गया। और गिरते समय बिजली तार की चपेट में आ गया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
घटना के बाद निर्माण स्थल पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया। साथी मजदूरों और स्थानीय लोगों ने तुरंत उसे अस्पताल पहुंचाया, लेकिन डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया।
सेफ्टी व्यवस्था पर उठे सवाल
इस हादसे के बाद निर्माण कार्य में सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।
- क्या मजदूरों को सेफ्टी बेल्ट, हेलमेट और अन्य सुरक्षा उपकरण दिए गए थे?
- क्या ऊंचाई पर काम के दौरान कोई सुरक्षा मानक अपनाए जा रहे थे?
- बिजली के खुले तारों के बीच काम क्यों कराया जा रहा था?
सूत्रों कि माने तो निर्माण स्थल पर सुरक्षा मानकों की अनदेखी की जा रही थी, जिसके चलते यह बड़ा हादसा हुआ।
घटना की सूचना मिलते ही दल्ली राजहरा थाना पुलिस मौके पर पहुंची और पंचनामा कार्रवाई के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और पूरे मामले की जांच शुरू कर दी है।
यह हादसा एक बार फिर साबित करता है कि निर्माण कार्यों में सुरक्षा मानकों की अनदेखी मजदूरों की जान पर भारी पड़ रही है। अब देखना होगा कि प्रशासन इस मामले में क्या सख्त कदम उठाता है।


