मौसम अपडेट लोड हो रहा है...
💧
जल ही जीवन है — पानी बचाओ, भविष्य बचाओ
Save Water
ताज़ा खबर
“सपनों की सेज सजने से पहले ही उठी अर्थी…”15 दिन पहले हुई थी सगाई,CG Video: “सांपों का संग्राम” और फिर अस्पताल में जिंदगी की जंग”CG: “जहां लहू गिरा था वीरों का, आज वहीं श्रद्धा का दीप जला”बस्तर में बदली तस्वीर: Sachin Tendulkar ने बच्चों में जगाई नई उम्मीदCG अजीबोगरीब मामला: तोते की उड़ान पर सिस्टम का ब्रेक”CG: एक बेटी…जिसके सपनों को उड़ान भरनी थी…आज वो खामोश हो गई…BALOD: कलेक्टर चेम्बर के बाहर फूटा गुस्सा, DEO को सुनाई खरी-खोटीDalli Rajhara: मदर्स डे पर बच्चों ने बिखेरे संस्कार और सृजनात्मकता के रंग, समर कैंप में दिखा मां के प्रति प्रेम और सम्मानबालोद में मौत की रफ्तार : भीषण सड़क हादसे में 3 की थमी सांसेंDhamtari: बड़ी खबर: खून से सनी दोस्ती, दोस्तों ने बुजुर्ग दादा की कर दी हत्याबड़ी खबर बालोद: कुएं से तेंदुआ की दहाड़ सुन किसान के उड़े होस, देखते ही देखते ग्रामीणों की लगी भीड़
screenshot 2026 04 11 105708

BALOD: लकड़ी से भरी गाड़ी छोड़ना पड़ा भारी, वनरक्षक निलंबित

बालोद। छत्तीसगढ़ के बालोद वनमंडल में अवैध परिवहन के मामले में बड़ी प्रशासनिक कार्रवाई की गई है। वनमंडलाधिकारी अभिषेक अग्रवाल (भा.व.से.) के आदेश से वनरक्षक हिमांशु यादव को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है।

जारी आदेश के अनुसार, वन परिक्षेत्र अधिकारी दल्लीराजहरा द्वारा प्रस्तुत प्रतिवेदन में बताया गया कि ग्राम धोबनी (कुसुमकसा) की सीमा मोड़ पर ग्रामीणों एवं जनप्रतिनिधियों द्वारा अवैध परिवहन कर रहे वाहन को पकड़े जाने की सूचना मिली थी। सूचना मिलने के बाद वन परिक्षेत्र दल्लीराजहरा के अधीनस्थ कर्मचारी मौके पर पहुंचे, लेकिन वाहन चालक और वाहन को पकड़ने में असफल रहे।

इस लापरवाही को गंभीर मानते हुए वनमंडलाधिकारी ने वन परिक्षेत्र दल्लीराजहरा के वनरक्षक हिमांशु यादव को आगामी आदेश तक तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। आदेश में उल्लेख किया गया है कि निलंबन अवधि के दौरान उनका मुख्यालय परिक्षेत्र लोहारा निर्धारित किया गया है तथा उन्हें नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता प्रदान किया जाएगा।

गौरतलब है कि बालोद जिले के साथ-साथ दुर्ग और पाटन क्षेत्र के लकड़ी तस्कर बालोद जिले के अलग-अलग क्षेत्रों में हरे-भरे बेशकीमती पेड़ों की कटाई कर रात्री के अंधेरे में अवैध परिवहन करते हुए आरा मिलों तक पहुंचा रहे हैं। जिसपर लगाम लगा पाने में वन विभाग और राजस्व विभाग असमर्थ दिखाई दे रहे हैं।

वन विभाग द्वारा की गई इस कार्रवाई को अवैध परिवहन के खिलाफ सख्त संदेश के रूप में देखा जा रहा है। प्रशासनिक कार्रवाई के बाद अब क्षेत्र में अवैध लकड़ी तस्करी पर सख्ती की उम्मीद जताई जा रही है।

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *