छात्र टोकेश्वर कुमार की दोनों हाथों की 5 उंगलियां कटी
बालोद। छत्तीसगढ़ के बालोद जिले के डौंडीलोहारा स्थित शासकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (आईटीआई) से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। यहां प्रशिक्षण ले रहे छात्रों से कथित तौर पर पढ़ाई के बजाय मजदूरी करवाई जा रही थी। मामला तब उजागर हुआ जब शौचालय निर्माण कार्य के दौरान एक छात्र की दोनों हाथों की पांच उंगलियां कट गईं।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, फीडर ट्रेड के छात्र टोकेश्वर कुमार सहित अन्य छात्रों से संस्थान परिसर में बाथरूम की दीवार निर्माण का कार्य कराया जा रहा था। आरोप है कि छात्रों से निर्माण कार्य के लिए बाहर से मटेरियल भी मंगवाया जा रहा था। इसी दौरान ट्रॉली से ईंट ढुलाई करते वक्त एक गंभीर हादसा हो गया, जिसमें छात्र टोकेश्वर कुमार की दोनों हाथों की कुल पांच उंगलियां कट गईं। घायल अवस्था में उसे तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसका इलाज जारी है।
घटना के सामने आने के बाद प्रशासन हरकत में आया है। डौंडीलोहारा अनुविभागीय अधिकारी शिवनाथ बघेल मौके पर पहुंचकर जांच में जुट गए हैं और रिपोर्ट तैयार कर उच्च अधिकारियों को भेजने की बात कही है।
उठते बड़े सवाल
- क्या आईटीआई जैसे संस्थानों में छात्रों से मजदूरी कराना नियमों के खिलाफ नहीं है?
- आखिर किसके निर्देश पर छात्रों से निर्माण कार्य कराया जा रहा था?
- सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम क्यों नहीं थे?
- क्या संस्थान प्रबंधन की लापरवाही इस हादसे की जिम्मेदार है?
- घायल छात्र और उसके परिवार को क्या उचित मुआवजा मिलेगा?
व्यवस्था पर सवाल
यह घटना केवल एक हादसा नहीं, बल्कि तकनीकी शिक्षा व्यवस्था पर बड़ा प्रश्नचिह्न खड़ा करती है। जहां छात्रों को कौशल प्रशिक्षण दिया जाना चाहिए, वहां यदि उनसे मजदूरी कराई जा रही है, तो यह न सिर्फ नियमों का उल्लंघन है, बल्कि उनके भविष्य के साथ भी खिलवाड़ है।
फिलहाल स्थिति
घायल छात्र का इलाज जारी है। प्रशासन ने जांच शुरू कर दी है, लेकिन अब सबकी नजर इस बात पर टिकी है कि दोषियों पर क्या कार्रवाई होती है और क्या ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकी जा सकेगी।


