दल्ली राजहरा: बीएसपी के समर कैंप पर उठे सवाल, खिलाड़ियों की सुरक्षा और मूलभूत सुविधाओं के अभाव के आरोप
भिलाई इस्पात संयंत्र (बीएसपी) द्वारा बालोद जिले के दल्ली राजहरा में आयोजित 15 दिवसीय समर कैंप विवादों में घिर गया है। खेल प्रतिभाओं को निखारने के उद्देश्य से आयोजित इस कैंप में दल्ली राजहरा और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों के लगभग 400 खिलाड़ियों ने जूडो, कराटे, फुटबॉल, क्रिकेट, वॉलीबॉल समेत विभिन्न खेलों में हिस्सा लिया। हालांकि कैंप के समापन से पहले ही खिलाड़ियों की सुरक्षा और मूलभूत सुविधाओं को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।
परिजनों और खेल प्रशिक्षकों का आरोप है कि कैंप स्थल पर खिलाड़ियों के लिए न तो पर्याप्त चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई गई और न ही पेयजल एवं शौचालय जैसी बुनियादी व्यवस्थाएं सुनिश्चित की गईं। आरोपों के अनुसार फुटबॉल खेल के दौरान एक बालक घायल हो गया, जिसके बाद उसे बीएसपी अस्पताल ले जाया गया। घायल खिलाड़ी के पिता का कहना है कि समर कैंप में चोटिल होने की जानकारी देने के बावजूद अस्पताल में निशुल्क उपचार नहीं किया गया और एक्स-रे व प्लास्टर के लिए करीब दो हजार रुपये की मांग की गई। इसके बाद उन्हें मजबूरन सरकारी अस्पताल में अपने पुत्र का इलाज कराना पड़ा।
कैंप में शामिल खिलाड़ियों और अभिभावकों ने यह भी आरोप लगाया है कि आयोजन स्थल पर प्राथमिक उपचार के लिए फर्स्ट एड या मेडिकल सहायता की समुचित व्यवस्था नहीं थी। गर्मी के मौसम में आयोजित कैंप के दौरान पीने के पानी की पर्याप्त व्यवस्था भी नहीं किए जाने की शिकायतें सामने आई हैं।

सबसे गंभीर आरोप बालिकाओं के लिए शौचालय सुविधा को लेकर लगे हैं। नगर के एथलेटिक्स कोच और पूर्व समर कैंप प्रशिक्षक सुदर्शन सिंह ने बताया कि फुटबॉल खेल मैदान में बालिकाओं के लिए अलग शौचालय तो दूर, एक सामान्य शौचालय तक उपलब्ध नहीं है। उन्होंने कहा कि इस समस्या से खिलाड़ियों को लंबे समय से जूझना पड़ रहा है और कई बार बीएसपी प्रबंधन को इसकी जानकारी भी दी गई, लेकिन अब तक कोई ठोस पहल नहीं की गई।
सुदर्शन सिंह के अनुसार खेल गतिविधियों में भाग लेने वाले बच्चों और युवाओं के लिए सुरक्षित और सुविधायुक्त वातावरण उपलब्ध कराना आयोजकों की जिम्मेदारी होती है। यदि बुनियादी सुविधाएं ही उपलब्ध नहीं होंगी तो खिलाड़ियों को अनावश्यक परेशानियों का सामना करना पड़ेगा।
गौरतलब है कि दल्ली राजहरा की लौह अयस्क खदानें बीएसपी के लिए महत्वपूर्ण संसाधन मानी जाती हैं और यहां से प्राप्त खनिज के माध्यम से कंपनी को बड़ा आर्थिक लाभ होता है। ऐसे में स्थानीय लोगों का कहना है कि खेल गतिविधियों के नाम पर आयोजित कार्यक्रमों में भी आवश्यक सुविधाओं की अनदेखी नहीं होनी चाहिए।
आज शाम इस 15 दिवसीय समर कैंप का समापन होना है। समापन समारोह में बीएसपी द्वारा उपलब्धियों और सफल आयोजन के दावे किए जा सकते हैं, लेकिन खिलाड़ियों, अभिभावकों और खेल प्रशिक्षकों द्वारा लगाए गए आरोपों ने आयोजन की व्यवस्थाओं पर कई सवाल खड़े कर दिए हैं।
हालांकि इन आरोपों पर बीएसपी प्रबंधन की ओर से अब तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। प्रबंधन का पक्ष सामने आने के बाद ही पूरे मामले की स्पष्ट तस्वीर सामने आ सकेगी।


