धमतरी। छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले से एक बेहद रहस्यमयी और चौंकाने वाला मामला सामने आया है। 700 से अधिक पोस्टमार्टम कर चुकीं और अयोध्या में राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा समारोह के लिए विशेष आमंत्रण प्राप्त कर चुकीं संतोषी दुर्गा के पति रवींद्र दुर्गा संदिग्ध परिस्थितियों में लापता हो गए हैं। सबसे हैरानी की बात यह है कि संतोषी दुर्गा ने स्वयं अपने पति को उड़ीसा जाने वाली बस में बैठाया था, लेकिन वह अपने तय गंतव्य तक पहुंचे ही नहीं।
जानकारी के अनुसार, नरहरपुर निवासी संतोषी दुर्गा अपने किसी पारिवारिक कार्य से धमतरी आई हुई थीं। 20 जुलाई को उन्होंने अपने पति रवींद्र दुर्गा को उड़ीसा स्थित उनके कार्यस्थल के लिए बस में बैठाया और इसके बाद स्वयं वापस नरहरपुर लौट गईं। सब कुछ सामान्य था, लेकिन दो से तीन दिन बीत जाने के बाद भी जब रवींद्र से परिवार का कोई संपर्क नहीं हो सका तो चिंता बढ़ गई।
परिजनों ने जब उड़ीसा स्थित उनके कार्यस्थल पर संपर्क किया तो एक चौंकाने वाली जानकारी सामने आई। बताया गया कि रवींद्र दुर्गा वहां पहुंचे ही नहीं हैं। इसके बाद परिवार के पैरों तले जमीन खिसक गई। किसी अनहोनी की आशंका के चलते संतोषी दुर्गा तत्काल धमतरी पहुंचीं और सिटी कोतवाली थाने में अपने पति की गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई।
यह मामला इसलिए भी चर्चा का विषय बना हुआ है क्योंकि संतोषी दुर्गा कोई सामान्य महिला नहीं हैं। उन्होंने अपने सेवा काल में 700 से अधिक पोस्टमार्टम किए हैं और उनकी कार्यशैली को देखते हुए उन्हें अयोध्या राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा समारोह में शामिल होने के लिए विशेष आमंत्रण भी मिला था। आज वही महिला अपने पति की तलाश में पुलिस थाने के चक्कर काटने को मजबूर हैं।
इधर, मामले की गंभीरता को देखते हुए धमतरी पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। पुलिस धमतरी बस स्टैंड और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाल रही है। साथ ही यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि रवींद्र दुर्गा बस में सवार होने के बाद कहां गए और आखिर वह अपने गंतव्य तक क्यों नहीं पहुंच सके।
फिलहाल इस रहस्यमयी गुमशुदगी ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। क्या रवींद्र दुर्गा रास्ते में किसी दुर्घटना का शिकार हुए? क्या उन्होंने बीच रास्ते में बस छोड़ी? या फिर इसके पीछे कोई और वजह है? इन सभी सवालों के जवाब पुलिस की जांच के बाद ही सामने आ पाएंगे।

